परीक्षा व्यवस्था में धांधली और नीट पेपर लीक मामले को लेकर कांग्रेस ने पीएम आवास के बाहर प्रदर्शन शुरू कर दिया है। इस प्रदर्शन में लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव और वायनाड सासंद प्रियंका गांधी शामिल हैं। राहुल गांधी ने सवाल पूछे, ‘पूरा देश जानता है कि एजुकेशन सिस्टम टूट चुका है’, लेकिन अभी तक चल रहा है। पूरे देश में एजुकेशन सिस्टम को लेकर रोष व्याप्त है और छात्र सड़कों पर उतरने के लिए बाध्य है।
पीएम आवास के बाहर कांग्रेस सांसद ने केन्द्र सरकार के खिलाफ हमला बोलते हुए कहा कि, देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी चुप क्यों हैं, इस चुप्पी का क्या कारण हैं? देश का भविष्य सड़कों पर उतरकर जवाब मांग रहा है। प्रधानमंत्री को छात्रों से माफी मांगनी चाहिए, लोकतंत्र में सवाल का जवाब दिया जाता है लेकिन केन्द्र की तानाशाही के चलते युवाओं के हिस्से में लाठियां आ रही हैं।
सोमवार को पूरे देश ने लोकतांत्रिक व्यवस्था में पुलिस की बर्बरता देखी है। परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और शुचिता की मांग करना अब किसी गुनाह से कम नहीं है। छात्रों को पिटने से किसी समस्या का समाधान नहीं निकलेगा। सरकार को आगे आकर जिम्मेदारी लेनी होगी और जवाबदेही देनी होगी। इस तानाशाही से देश विकसित नहीं बल्कि अलोकतांत्रिक प्रणाली की ओर बढ़ रहा है। सरकार को ये सब रोकना चाहिए, ये पूरी तरह से गलत है।
घायलों का जाना हालचाल
नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी आज पहले लोकसभा स्पीकर ओम बिरला से मिले थे और सदन में नीट पेपर लीक पर चर्चा की मांग की थी। इसके बाद, राहुल गांधी अपनी बहन प्रियंका गांधी के साथ राम मनोहर लोहिया अस्पताल पहुंचे थे, जहां घायल प्रदर्शनकारियों से मुलाकात की और उनका हालचाल जाना। राहुल गांधी इसे लेकर सरकार पर हमलावर हैं और धर्मेंद्र प्रधान के साथ गृहमंत्री के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।
उल्लेखनीय है कि, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और विपक्ष नेता राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस पार्टी के सांसद प्रधानमंत्री आवास से 7 किलोमीटर के बाहर मौजूद हैं। दूसरी तरफ जंतर-मंतर पर आज भी प्रोटेस्ट जारी है, कल पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प हुई थी, पत्थरबाजी हुई थी, इसे लेकर जबरदस्त सियासी हलचल है।
